ग्लोबल पेटेंट रैंकिंग में टॉप-20 में पहुंची जियो

ऐसा करने वाली अकेली भारतीय टेक कंपनी बनी

WIPO की PCT रैंकिंग में जियो प्लेटफॉर्म्स ने 320 पायदान की छलांग लगाई

आत्मनिर्भर भारत के विजन को समर्पित है यह उपलब्धि:आकाश अंबानी

31 मार्च 2026 तक जियो प्लेटफॉर्म्स ने 6,817 पेटेंट फाइल किए

*मुंबई*।14 जून, 2026: जियो प्लेटफॉर्म्स ने वैश्विक पेटेंट रैंकिंग में बड़ी छलांग लगाई है। वर्ल्ड इंटेलेक्चुअल प्रॉपर्टी ऑर्गनाइजेशन यानी WIPO की ताजा पेटेंट कोऑपरेशन ट्रीटी यानी PCT रैंकिंग में जियो प्लेटफॉर्म्स ग्लोबल टॉप-20 में पहुंच गई है। कंपनी 2025 की सूची में 320 पायदान चढ़कर 20वें स्थान पर पहुंची है।

जियो प्लेटफॉर्म्स, रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड की टेक्नोलॉजी इकाई है। नई रैंकिंग के साथ जियो ग्लोबल टॉप-20 में जगह बनाने वाली अकेली भारतीय टेक इनोवेटर बन गई है। कंपनी अब हुआवेई, सैमसंग, क्वालकॉम, एलजी, पैनासोनिक, नोकिया, गूगल, एप्पल और माइक्रोसॉफ्ट जैसी बड़ी वैश्विक टेक कंपनियों के समूह में शामिल हो गई है।

जियो की पेटेंट फाइलिंग अगली पीढ़ी की डिजिटल तकनीकों पर केंद्रित है। इनमें 5G, 5G एडवांस्ड, 6G, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, AI-नेटिव नेटवर्क, क्लाउड-नेटिव प्लेटफॉर्म, इंटेलिजेंट ऑटोमेशन, रेडियो एक्सेस, कोर नेटवर्क सॉफ्टवेयर, एज इंटेलिजेंस, फिक्स्ड वायरलेस एक्सेस, नेटवर्क स्लाइसिंग और डिजिटल सर्विसेज इंफ्रास्ट्रक्चर जैसे क्षेत्र शामिल हैं।

इस उपलब्धि पर जियो प्लेटफॉर्म्स लिमिटेड के मैनेजिंग डायरेक्टर आकाश एम. अंबानी ने कहा, “WIPO PCT रैंकिंग में जियो प्लेटफॉर्म्स का ग्लोबल टॉप-20 में आना हमारी डीप-टेक कंपनी बनने की दिशा में कई वर्षों की मेहनत को दिखाता है। यह जियो में कई उन्नत तकनीकों पर हो रहे शानदार इनोवेशन का सबूत है, जो आने वाले वर्षों में और बढ़ेगा।”

आकाश अंबानी ने आगे कहा कि वे इस उपलब्धि को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आत्मनिर्भर भारत के विजन को समर्पित करते हैं। उनके अनुसार यह विजन भारत को दुनिया के लिए तकनीक का निर्माता, मालिक और निर्यातक बनाने की दिशा में आगे बढ़ाता है। उन्होंने कहा कि जियो भारत को ग्लोबल डीप-टेक पावरहाउस बनाने की यात्रा में योगदान देकर गर्व महसूस करता है।

खास बात यह है कि जियो की 320 पायदान की छलांग ऐसे समय आई है, जब वैश्विक स्तर पर PCT फाइलिंग की वृद्धि 1 प्रतिशत से भी कम रही। WIPO की यह रैंकिंग जियो प्लेटफॉर्म्स की R&D क्षमता और उसके बौद्धिक संपदा पोर्टफोलियो की मजबूती को वैश्विक स्तर पर मान्यता देती है।

31 मार्च 2026 तक जियो प्लेटफॉर्म्स ने कुल 6,817 पेटेंट फाइल किए हैं। इनमें 2,393 पेटेंट भारत में और 4,424 पेटेंट विदेशी बाजारों में फाइल किए गए हैं। कंपनी के 1,009 पेटेंट अब तक वैश्विक स्तर पर मंजूर हो चुके हैं, जिनमें 538 भारत में और 471 अंतरराष्ट्रीय बाजारों में मिले हैं।

जियो ने कहा है कि उसका इनोवेशन उन तकनीकों और प्लेटफॉर्म पर आधारित है, जिन्हें कंपनी ने बड़े पैमाने पर विकसित और कमर्शियलाइज किया है। कंपनी 5G/6G रेडियो, 5G/6G कोर, सैटेलाइट कम्युनिकेशन और Agentic AI की अगली दिशा JioBrain जैसी उभरती तकनीकों पर भी काम कर रही है।

जियो की यह उपलब्धि भारत के टेक्नोलॉजी सेक्टर में एक बड़े बदलाव का संकेत देती है। यह बदलाव केवल बड़े पैमाने पर तकनीक इस्तेमाल करने से आगे बढ़कर, भारत में मूल तकनीक तैयार करने और उसे दुनिया तक ले जाने की दिशा में है।

Share

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Scroll Up